– माणकचौक पुलिस व साइबर सेल की संयुक्त कार्रवाई से रतलाम का बड़ा फाइनेंशियल फ्रॉड बेनकाब
रतलाम। हुंडी दलाली और मोटे ब्याज के नाम पर व्यापारियों व आम नागरिकों से लाखों रुपये ऐंठकर फरार हुए शातिर ठग विजय कुमार लोढ़ा को माणकचौक पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने राजस्थान के उदयपुर से गिरफ्तार कर लिया है। इस हाई-प्रोफाइल धोखाधड़ी प्रकरण में अब तक रुपए 64 लाख की ठगी सामने आ चुकी है, जिससे पूरे शहर में हड़कंप मच गया है।
मुनाफे का लालच देकर रचा गया ठगी का जाल –
रतलाम के तेजा नगर निवासी फरियादी रूपेश चरपोटा से आरोपी ने खुद को हुंडी दलाल बताकर साढ़े सात पैसे दलाली और 1 प्रतिशत साहूकारी ब्याज पर रकम चलाने का झांसा दिया। इसी भरोसे में 03 मार्च 2025 को एयू स्मॉल बैंक से रुपए 8 लाख आरटीजीएस के माध्यम से एचडीएफसी बैंक खाते में ट्रांसफर किए, 30 जून 2025 को पत्नी के खाते से रुपए 3 लाख का चेक आरोपी के खाते में ट्रांसफर किए गए। इस प्रकार कुल 11 लाख रुपए आरोपी को दिए। तय तारीख 1 दिसंबर 2025 को उक्त राशि ब्याज सहित लोटानी थी, लेकिन तारिख आते ही आरोपी परिवार सहित रतलाम छोड़कर फरार हो गया।
एक नहीं, चार लोगों को लगाया करोड़ों का चूना –
जांच के दौरान सामने आया कि विजय लोढ़ा ने इसी फर्जी हुंडी स्कीम से कई कारोबारियों को फंसाया रतलाम के ही डालू मोदी बाजार निवासी बसंत मेडिकल एजेंसी के शरद मेहता से रुपए 10 लाख, सिद्धांचल सिंथेटिक के न्यू क्लॉथ मार्केट निवासी ललित कटारिया से रुपए 11 लाख, नीमचौक के कीर्ति कुमार सोनी से 32 लाख तथा रूपेश चरपोटा से रुपए 11 लाख रुपए की धोखाधड़ी करते हुए आरोपी ने कुल रुपए 64 लाख की धोखाधड़ी की। सभी पीडि़तों ने उनके बैंक ट्रांजेक्शन, चेक और दस्तावेज पुलिस को सौंपे हैं। फरियादीयों की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपी के विरूद्ध बीएनएस की धारा 316 (2) 21(1) 21(2) 21(3) के साथ बीयूडीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
उदयपुर में छिपा बैठा था ठग, साइबर ट्रैकिंग से दबोचा –
रतलाम से परिवार सहित फरार हुए ठग को पकडऩे के लिए पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। मोबाइल लोकेशन, बैंक ट्रैकिंग और साइबर इनपुट के आधार पर आरोपी को उदयपुर के किराए के फ्लैट से गिरफ्तार किया गया, जहां वह एक महीने से परिवार सहित छिपा हुआ था।
अब खुलेगा पूरा फर्जी हुंडी नेटवर्क –
पुलिस को आशंका है कि आरोपी ने और भी लोगों से पैसा ठगा है। अब पुलिस अन्य पीड़ितों की पहचान, ठगी की रकम की बरामदगी, आरोपी के नेटवर्क की जांच करेगी। इस बड़ी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक पतिराम डावरे, उनि राकेश मेहरा, सउनि रायसिंह परमार, प्रधान आरक्षक हिम्मत सिंह, आरक्षक विपुल भावसार, वीरेंद्र बरोड़, अविनाश मिश्रा का सराहनीय सहयोग रहा।
एसपी बोले जनता रहे सर्तक –
जिले के एसपी अमित कुमार ने आम जनता से अपील हैं कि अवैध हुंडी, ऊंचे ब्याज और बिना दस्तावेज निवेश से दूर रहें, क्योंकि ऐसे मामलों में अक्सर ठगी और आर्थिक तबाही ही हाथ लगती है। आम जनता ऐसे ठगों से सावधान रहे।

