– परिजनो ने लगाए पुलिस द्वारा प्रताडि़त करने के आरोप
– लीज पर ली गई खेती में पार्टनर की शिकायत लेकर पीडि़त पहुंचा था पुलिस थाने
– पुलिस ने सुनवाई करने बजाय की मारपीट, करीब एक सप्ताह से डिप्रेशन में था पीडि़त
जावरा। पिपलौदा के एक युवक पुलिस की कार्यप्रणाली से प्रताडि़त होकर अपनी जीवन लीला समाप्त करने का मन बनाते हुए सोमवार को सुबह अपने खेत पर जाकर किटनाशक पदार्थ का सेवन कर लिया। जिस पर परिजन युवक को जावरा निजी नर्सिंगहोम उपचार के लिए लाए, जहां से उसे गंभीर हालत में रतलाम मेडिकल कॉलेज रैफर कर दिया गया। इधर नर्सिंग होम पर मौजुद युवक की पत्नी और परिजनों ने पुलिस द्वारा युवक की शिकायत पर कार्रवाई करने बजाय उसके साथ मारपीट करने और प्रताडित करने के संगीन आरोप लगाए हैं। पुलिस पर परिजनों द्वारा लगाए आरोप के मामले में एसडीओपी संदीप मालवीय से चर्चा के लिए फोन लगाया तो उनका मोबाईल बंद था, जिसके चलते उनसे मामले में कोई बात नहीं हो सकी।
सोमवार को सुबह पिपलौदा के वार्ड क्रमांक 7 का निवासी समरथ पिता हरिराम धनगर ने अपने ही खेत पर कीटनाशक पदार्थ का सेवन कर लिया। कीटनाशक सेवन की सूचना परिजनों को मिली तो वे तत्काल उसे लेकर जावरा के निजी नर्सिंग होम पर पहुंचे। नर्सिंग पहुंचे परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर आरोप लगाते हुए कहा कि समरथ ने लीज पर ली गई खेती की पार्टनरशिप में पार्टनर के खिलाफ पिपलोद पुलिस थाने पर आवेदन दिया था। लेकिन पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाय उसके साथ मारपीट की, जिसके चलते वह डिप्रेशन में चल रहा था। जिसके चलते पुलिस की कार्यप्रणाली से परेशान होकर उसने यह कदम उठाया हैं।
फसल के रुपए में मांगने पर नहीं दिए –
पीडि़त की पत्नी निर्मला ने बताया कि उसके पति और गांव के ही देवराम पिता बाबुलाल मोगिया ने 15 बीघा की खेती लीज पर ले रखी थी। दोनो ने मिलकर एक लाख पचास हजार रुपए लीज वाले व्यक्ति को दिये लेकिन पार्टनर देवराम ने पुरे वर्ष की पैदा हुई फसल को काटकर बेच दिया। समरथ ने अपने हिस्से रुपए मांगे तो देवराम ने कहा कि उसकी बेटी की शादी है ,मेरा कर्जा बहुत हो गया है ऐसा कहकर अगली फसल में हिसाब करने का बोला, लेकिन अगली फसल भी देवराम ने काटकर बेच दी। लेकिन समरथ को मांगने पर रुपए देने से मना कर दिया। रुपए मांगने पर देवराम ने समरथ के साथ लडाई झगड़ा करना शुरु कर दिया। जिस पर समरथ शिकायत पर लेकर पुलिस थाने पर पहुंचा था, जहां पदस्थ आरक्षक अनिल पाटीदार ने कार्रवाई करने के बजाय उसके पति के साथ मारपीट की, जिसके चलते उसका पति परेशान चल रहा था। जब वह अपने पड़ोसी के साथ पुलिस थाने पर पहुंची तो पुलिस ने आवेदन तो ले लिया, लेकिन कार्रवाई नहीं की, साथ गए पड़ोसी के साथ भी मारपीट की। ऐसे में पुलिस की इस कार्यप्रणाली से परेशान होकर उसके पति ने यह कदम उठाया हैं।



