– सुबह निकला चलसमारोह, दादावाड़ी पर हुआ आयोजन
– सांसद के साथ कई विधायक और जैन कान्फ्रेंस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रहे मौजुद
जावरा। श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ द्वारा सकल नवकार आराधको का 75 वां अमर संयम अमृत महोत्सव रविवार को दादावाड़ी पर आयोजित किया गया। जिसमें जावरा की पूण्य धरा पर सिद्धीतप करने वाले 240 तपस्वियों का बहुमान किया गया। अगमज्ञाता ज्ञानयोगी श्री विकसितमुनि जी मसा,नवकार आराधक श्री वितरागमुनि जी मसा, मुनिश्री चन्द्रयशविजय जी मसा और मुनि श्री जिनभद्र विजय जी मसा की पावन निश्रा में आयोजित अमृत महोत्व में जावरा मंदसौर सांसद सुधीर गुप्ता के साथ जावद विधायक ओम सकलेचा, उज्जैन उत्तर विधायक अनिल कालुहेडा, महिदपुर विधायक दिनेश बोस के साथ जैन कांन्फ्रेंस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रमेश भंडारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे। दादावाड़ी पर आयोजित अमृत महोत्सव में जावरा नगर में सिद्धी तप करने वाले सभी 240 तपस्वियों के साथ अन्य तपस्वियों का बहुमान किया गया।
दिवाकर भवन से निकाला चल समारोह –
रविवार को सुबह नवकारसी के बाद जैन दिवाकर भवन से समाज का चल समारोह निकला जो आचाद चौक, खारीवाल मोहल्ला, घंटाघर चौराहा, बजाजखाना, चुड़ी बाजार, पीपली बाजार, शुक्रवारियां, गीता भवन, खाचरौद नाका होकर दादावाड़ी पहुंचकर धर्मसभा में परिवर्तित हुआ। गुरुदेव के मंगलाचरण के पश्चात अहिंसा ध्वज का ध्वजारोहण किया गया। जैन दिवाकर बहु मंडल चोपाटी द्वारा स्वागतम गीत के पश्चात जैन दिवाकर बहु मंडल एवं जैन दिवाकर बालिका मंडल द्वारा सुन्दर नाटक का मंचन किया गया। संतों की निश्रा में सिद्धि तप के 240 तपस्वियों का अभिनंदन पत्र द्वारा बहुमान मांगीबाई श्रीश्रीमाल परिवार द्वारा किया गया। संचालन महामंत्री महावीर छाजेड़ एवं सहमंत्री आकाश जैन ने किया।
इनकी रही उपस्थिति –
चल समारोह में वर्धमान स्थानक वासी जैन आवक संघ के अध्यक्ष पुखराज कोचट्टा, चन्द्रप्रकाश ओस्तवाल उपाध्यक्ष कनकमल चौरडिया, अशोक मेहता, विनोद लुनिया, वरिष्ठ उपाध्यक्ष ओमप्रकाश श्रीमाल, सुजानमल कोचट्टा, विनोद ओस्तवाल, वर्धमान टुकडिय़ा, यश जैन छाजेड़, सहसचिव प्रकाशचंद श्रीश्रीमाल, आकाश जैन, राकेश जैन बोहरा, शीतल तातेड, मनोज डांगी, तरुण टूकडिय़ा, ऋषभ छाजेड़, सुशील मेहता, राहुल ओस्तवाल, अतुल मेहता, सीए सिददार्थ मेहता , विशाल चत्तर, पंकज श्रीश्रीमाल, राहुल राका, अशोक राका, संदीप रांका, राकेश कोचट्टा, जतिन कोचट्टा, श्रीपाल कोचट्टा, पराग कोचट्टा, नितिन कोलन, बाबूलाल भटेवरा, सूजानमल औरा, मोहनलाल पोखरना आदि सहित बड़ी संख्या में समाजजन मौजुद रहे।

